PMAY-U को धामी सरकार ने दी रफ्तार, दिसंबर तक 15 हजार से अधिक परिवारों को मिलेगी पक्की छत
देहरादून: उत्तराखंड में प्रधानमंत्री आवास योजना-शहरी (PMAY-U) के तहत गरीब और आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों को पक्की छत उपलब्ध कराने की कवायद तेज हो गई है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में राज्य सरकार ने लंबित आवासीय परियोजनाओं को समयबद्ध तरीके से पूरा करने की दिशा में कदम बढ़ाए हैं। सरकार का लक्ष्य है कि दिसंबर 2026 तक 15 हजार से अधिक परिवारों को उनके पक्के मकान उपलब्ध हो जाएं।
आवास विभाग ने निर्माणाधीन और लंबित आवासीय परियोजनाओं को पूरा करने के लिए 30 सितंबर 2026 तक की डेडलाइन निर्धारित की है। कार्यदायी संस्थाओं को तय समय सीमा के भीतर निर्माण कार्य पूरा करने के निर्देश दिए गए हैं।
राज्य सरकार की हिस्सेदारी ₹50 हजार से बढ़कर ₹75 हजार
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के “सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास और सबका प्रयास” के मंत्र के अनुरूप सरकार विकास योजनाओं का लाभ पात्र लोगों तक पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध है।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना गरीब परिवारों के लिए सम्मान, सुरक्षा और बेहतर भविष्य की मजबूत नींव है। योजना के तहत राज्य के हजारों गरीब और आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों को लाभ मिल रहा है। पात्र परिवारों को और अधिक सहायता देने के लिए योजना में राज्य सरकार की हिस्सेदारी ₹50 हजार से बढ़ाकर ₹75 हजार की जा रही है।
18 परियोजनाओं में बन रहे 15,496 आवास
सचिव आवास डॉ. आर. राजेश के अनुसार प्रदेश में प्रधानमंत्री आवास योजना-शहरी के तहत कुल 18 परियोजनाओं में 15,496 आवासीय इकाइयों का निर्माण किया जा रहा है।
इनमें से करीब 84 प्रतिशत यानी 12,948 आवासों का निर्माण पूरा हो चुका है। वहीं, अब तक 1,271 आवासों की चाबियां लाभार्थियों को सौंपी जा चुकी हैं। इनमें 768 लाभार्थी रुड़की और 503 लाभार्थी हरिद्वार से हैं।
आवास विभाग ने सभी लंबित परियोजनाओं को 30 सितंबर तक हर हाल में पूरा करने के निर्देश कार्यदायी संस्थाओं को दिए हैं।
ऊधम सिंह नगर में सबसे ज्यादा 10,200 मकान
PMAY-U के तहत सबसे ज्यादा आवास ऊधम सिंह नगर जिले में बनाए जा रहे हैं। जिले में कुल 10,200 आवासीय इकाइयों का निर्माण प्रस्तावित है।
इनमें रुद्रपुर हाउसिंग स्कीम के 1,872 आवास बनकर तैयार हो चुके हैं। इसके अलावा—
- भवानीपुर, जसपुर में 1,264 आवास
- उकरौली-1, सितारगंज में 1,168 आवास
- उकरौली-2, सितारगंज में 864 आवास
- कनकपुर, काशीपुर में 1,256 आवास
- मटकोटा, रुद्रपुर में 928 आवास
- श्यामनगर, गदरपुर में 928 आवास
- महुवाखेड़ागंज में 824 आवास
- मानपुर, काशीपुर में 512 आवास
- गंगापुर गोसाल, काशीपुर में 584 आवास
का निर्माण किया जा रहा है।
हरिद्वार में 4,528 आवास निर्माणाधीन
हरिद्वार जिले में PMAY-U के तहत कुल 4,528 आवासीय इकाइयों का निर्माण किया जा रहा है। इनमें मंगलौर में 544, झब्बरपुर में 448, अन्नेखी में 1,152, बेल्दी/बेलड़ी रुड़की में 1,088, शिकारपुर में 768 और इंद्रलोक आवासीय योजना में 528 आवास शामिल हैं।
नैनीताल में सभी 528 आवास पूरे
नैनीताल जिले के उम्मेदनगर, रामनगर में योजना के तहत सभी 528 आवासीय इकाइयों का निर्माण पूरा किया जा चुका है। वहीं देहरादून जिले में धौलास हाउसिंग स्कीम के तहत 240 आवासों में से 180 का निर्माण पूरा हो चुका है।
सितंबर तक निर्माण पूरा करने का लक्ष्य
सरकार का फोकस अब निर्माणाधीन आवासीय परियोजनाओं को जल्द पूरा कर लाभार्थियों को कब्जा सौंपने पर है। सितंबर की निर्धारित समयसीमा के बाद दिसंबर तक अधिक से अधिक पात्र परिवारों को पक्के मकान उपलब्ध कराने की तैयारी है।
सरकार का कहना है कि PMAY-U केवल आवास उपलब्ध कराने की योजना नहीं, बल्कि जरूरतमंद परिवारों को सम्मानजनक जीवन, सुरक्षित आशियाना और बेहतर भविष्य देने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है।
