फ्रंटियर ज्वेलर्स एक्सक्लूसिव ने लगातार दूसरे वर्ष जीता राष्ट्रीय पुरस्कार, देहरादून का नाम रोशन
देहरादून।
भारत केसरी
देहरादून स्थित फ्रंटियर ज्वेलर्स एक्सक्लूसिव ने एक बार फिर उत्तराखंड को राष्ट्रीय स्तर पर गौरवान्वित किया है। मुंबई में 7 अगस्त 2026 को आयोजित Retail Jewellers India Awards 2026 में फ्रंटियर ज्वेलर्स एक्सक्लूसिव ने प्रतिष्ठित “Polki Earring of the Year” पुरस्कार अपने नाम किया।

खास बात यह है कि फ्रंटियर ज्वेलर्स एक्सक्लूसिव ने लगातार दूसरे वर्ष इसी श्रेणी में राष्ट्रीय सम्मान हासिल किया है। इस उपलब्धि के साथ यह उत्तराखंड का पहला प्रमुख ज्वेलरी हाउस बन गया है, जिसने लगातार दो वर्षों तक इस प्रतिष्ठित राष्ट्रीय पुरस्कार पर कब्जा जमाया है।

देहरादून से राष्ट्रीय मंच तक पहुंची कारीगरी
फ्रंटियर ज्वेलर्स एक्सक्लूसिव की यह उपलब्धि न केवल ब्रांड के लिए, बल्कि देहरादून और पूरे उत्तराखंड के लिए भी गौरव का विषय है। यह साबित करती है कि उत्कृष्ट आभूषण डिजाइन, पारंपरिक कारीगरी और रचनात्मकता को गैर-मेट्रो शहरों से भी राष्ट्रीय पहचान मिल सकती है।
इस वर्ष ब्रांड को “Bridal Statement Jewellery” और “Precious Colour Stone Earrings” जैसी दो अन्य प्रतिष्ठित श्रेणियों में भी नामांकन मिला। इससे राष्ट्रीय ज्वेलरी डिजाइन मंच पर फ्रंटियर ज्वेलर्स एक्सक्लूसिव की बढ़ती पहचान का अंदाजा लगाया जा सकता है।

पारंपरिक कर्णफूल को आधुनिक अंदाज
पुरस्कार विजेता पोल्की ईयररिंग्स पारंपरिक भारतीय कर्णफूल आभूषण की शाश्वत सुंदरता से प्रेरित हैं। कान को ढकने वाले पारंपरिक आकार को आधुनिक डिजाइन दृष्टिकोण के साथ पुनर्परिभाषित किया गया है। डिजाइन में प्राकृतिक पोल्की हीरों को खिलती हुई पंखुड़ियों की तरह सजाया गया है।
डिटैचेबल फ्लोरल ड्रॉप डिजाइन में आकर्षण और गतिशीलता जोड़ता है, जबकि पन्ना और हल्के रूबी एक्सेंट इसे शाही आभा प्रदान करते हैं। मुगल कला और भारत की राजसी आभूषण परंपरा से प्रेरित इस डिजाइन में पारंपरिक कारीगरी, आधुनिक सोच और पोल्की की प्राकृतिक चमक का अनूठा संगम देखने को मिलता है। विजेता ईयररिंग्स में करीब 8.87 कैरेट पोल्की हीरे जड़े हुए हैं।
टीम की मेहनत और ग्राहकों के विश्वास को समर्पित उपलब्धि
फ्रंटियर ज्वेलर्स एक्सक्लूसिव की निदेशक श्रीमती सविता कपूर ने कहा कि लगातार दूसरे वर्ष राष्ट्रीय सम्मान हासिल करना उनके लिए बेहद गर्व का विषय है। उन्होंने इस उपलब्धि को पूरी टीम की मेहनत, ग्राहकों के विश्वास और बेहतर सृजन के प्रति कंपनी की निरंतर प्रतिबद्धता का परिणाम बताया।
वहीं श्री अंशुमान कपूर ने कहा कि आभूषण केवल सुंदरता का प्रतीक नहीं, बल्कि एक विचार, एक कहानी और अपनी विरासत से जुड़ाव भी होते हैं। इस डिजाइन का उद्देश्य पारंपरिक कर्णफूल को आधुनिक दृष्टिकोण के साथ प्रस्तुत करना था। उन्होंने कहा कि यह पुरस्कार उन्हें अपनी रचनात्मक सीमाओं को और आगे बढ़ाने के लिए प्रेरित करता है।
1947 से विरासत को आगे बढ़ा रहा फ्रंटियर ज्वेलर्स
वर्ष 1947 में स्थापित फ्रंटियर ज्वेलर्स एक्सक्लूसिव पारंपरिक भारतीय आभूषण कला और आधुनिक डिजाइन के समन्वय के साथ अपनी विरासत को आगे बढ़ा रहा है। लगातार दूसरे वर्ष राष्ट्रीय ज्वेलरी डिजाइन पुरस्कार जीतना देहरादून के इस ज्वेलरी हाउस के लिए एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर है।
फ्रंटियर ज्वेलर्स एक्सक्लूसिव का यह सफर बताता है कि देहरादून की प्रतिभा और भारतीय आभूषण कला राष्ट्रीय मंच पर अपनी अलग पहचान बना रही है।

