BJP में शामिल हुए सैकड़ों पूर्व सैन्य अधिकारी और विभिन्न दलों के नेता, महेंद्र भट्ट बोले- 2027 में लगेगी जीत की हैट्रिक
देहरादून, 9 अगस्त 2026। उत्तराखंड में 2027 विधानसभा चुनाव से पहले भारतीय जनता पार्टी ने संगठन को मजबूत करने की दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए रविवार को सैकड़ों पूर्व सैन्य अधिकारियों, पूर्व सैनिकों और विभिन्न राजनीतिक दलों से जुड़े नेताओं को पार्टी में शामिल किया। भाजपा प्रदेश मुख्यालय में आयोजित ज्वाइनिंग कार्यक्रम में प्रदेश अध्यक्ष एवं राज्यसभा सांसद महेंद्र भट्ट ने नए सदस्यों का स्वागत करते हुए दावा किया कि राष्ट्र सर्वोपरि की विचारधारा और सैनिकों के सम्मान को प्राथमिकता देने वाली भाजपा उत्तराखंड में लगातार तीसरी बार सरकार बनाएगी।
भाजपा के इस बड़े सदस्यता अभियान को आगामी विधानसभा चुनाव से पहले पार्टी के संगठनात्मक विस्तार के साथ-साथ पूर्व सैनिकों और सैन्य पृष्ठभूमि वाले मतदाताओं के बीच अपनी पकड़ मजबूत करने की रणनीति के तौर पर देखा जा रहा है।

पूर्व सैनिकों और सैन्य अधिकारियों का भाजपा में बढ़ा कुनबा
पार्टी मुख्यालय में आयोजित कार्यक्रम में प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट, प्रदेश महामंत्री कुंदन परिहार और प्रदेश महामंत्री तरुण बंसल ने नए सदस्यों को भाजपा का पटका पहनाकर औपचारिक रूप से पार्टी की सदस्यता दिलाई।
भाजपा के मुताबिक, सदस्यता लेने वालों में पूर्व सैन्य अधिकारी, पूर्व सैनिक, विभिन्न राजनीतिक दलों के पदाधिकारी, सामाजिक कार्यकर्ता और बड़ी संख्या में महिलाएं शामिल रहीं।
प्रमुख रूप से यूकेडी के केंद्रीय प्रवक्ता एवं सेवानिवृत्त कैप्टन राकेश ध्यानी, डीआईजी धर्म शक्तु, पूर्व नौसेना अधिकारी उमेश कुनियाल, कर्नल नवीन मिश्रा, कर्नल एससी शर्मा, शहीद पत्नी एवं लोकगायिका महिमा उनियाल, कीर्तिचक्र सम्मानित शहीद अजय वर्धन तोमर की पत्नी लक्ष्मी तोमर और ‘अपना घर’ से जुड़े समाजसेवी इलियास अहमद ने भाजपा की सदस्यता ग्रहण की।
महेंद्र भट्ट का कांग्रेस पर हमला
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए भाजपा प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट ने कांग्रेस पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि दिल्ली से आने वाले कांग्रेस नेताओं का आत्मविश्वास शून्य है, इसलिए वे उत्तराखंड में आकर झूठ बोलते हैं।
भट्ट ने कहा कि कांग्रेस नेताओं के बयानों से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और भाजपा के प्रति उत्तराखंड के लोगों का विश्वास किसी भी कीमत पर नहीं डिग सकता। उन्होंने दावा किया कि उत्तराखंड वीरभूमि और देवभूमि है और यहां राष्ट्रवादी विचारधारा को जनता का लगातार समर्थन मिल रहा है।
उन्होंने कहा कि भाजपा के लिए ‘राष्ट्र सर्वोपरि’ केवल नारा नहीं बल्कि पार्टी की मूल विचारधारा है और यही विचारधारा सैनिकों के जीवन में भी सबसे महत्वपूर्ण होती है।
‘राष्ट्र रहेगा तो हम रहेंगे, राष्ट्र सुरक्षित तो हम सुरक्षित’
महेंद्र भट्ट ने पूर्व सैनिकों से संवाद करते हुए कहा कि भाजपा और सैन्य विचारधारा में राष्ट्र के प्रति समर्पण और अनुशासन की समान भावना है।
उन्होंने कहा कि जिस तरह एक सैनिक राष्ट्र की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देता है, उसी तरह भाजपा का कार्यकर्ता भी राष्ट्रहित को सर्वोपरि मानकर काम करता है।
भट्ट ने कहा, “राष्ट्र रहेगा तो हम रहेंगे और राष्ट्र सुरक्षित तो हम सुरक्षित।” उन्होंने नए सदस्यों से पार्टी की विचारधारा और संगठन को मजबूत करने में सक्रिय भूमिका निभाने का आह्वान किया।
सर्जिकल स्ट्राइक और ऑपरेशन सिंदूर का किया जिक्र
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार की रक्षा नीति की चर्चा करते हुए कहा कि पिछले वर्षों में भारतीय सेना का आधुनिकीकरण किया गया है और देश की सैन्य क्षमता मजबूत हुई है।
उन्होंने सर्जिकल स्ट्राइक, एयर स्ट्राइक और ऑपरेशन सिंदूर का उल्लेख करते हुए कहा कि अब भारत आतंकवाद और दुश्मन के हमलों का जवाब देने में पीछे नहीं हटता।
भट्ट ने कहा कि पहले के दौर में भारतीय सेना को आधुनिक हथियारों और आवश्यक सुरक्षा उपकरणों की कमी का सामना करना पड़ता था, लेकिन आज भारत रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भरता की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है।
उन्होंने कहा कि भारत में अब बड़ी संख्या में रक्षा उपकरणों का निर्माण हो रहा है और दुनिया भारतीय सैन्य सामर्थ्य को स्वीकार कर रही है।
वन रैंक वन पेंशन का भी किया उल्लेख
भट्ट ने केंद्र सरकार की उपलब्धियां गिनाते हुए वन रैंक वन पेंशन योजना का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि दशकों से लंबित इस मांग को भाजपा सरकार ने लागू किया।
उन्होंने उत्तराखंड सरकार की ओर से वीरता पुरस्कार प्राप्त सैनिकों के लिए बढ़ाई गई सम्मान राशि का भी उल्लेख किया और कहा कि सैनिकों के सम्मान और कल्याण को लेकर केंद्र और राज्य सरकार गंभीरता से काम कर रही हैं।
धारा 370 से लेकर विकास योजनाओं तक का जिक्र
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने अपने संबोधन में जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 हटाने को लेकर भी पार्टी की उपलब्धि बताई। उन्होंने कहा कि डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी ने कश्मीर को भारत का अभिन्न हिस्सा बनाए रखने के लिए अपना जीवन बलिदान किया था और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में अनुच्छेद 370 हटाकर उनके सपने को साकार किया गया।
इसके साथ ही उन्होंने केंद्र और राज्य सरकार की विकास योजनाओं का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि पिछले एक दशक में सड़क, एयरपोर्ट, स्वास्थ्य, बिजली और पेयजल के क्षेत्र में बड़े बदलाव हुए हैं।
उत्तराखंड में चारधाम और आदि कैलाश यात्रा का जिक्र
भट्ट ने उत्तराखंड में पर्यटन और धार्मिक यात्राओं के विस्तार का उल्लेख करते हुए कहा कि चारधाम यात्रा को नया स्वरूप मिला है।
उन्होंने केदारनाथ धाम और आदि कैलाश का उल्लेख करते हुए कहा कि आज बड़ी संख्या में श्रद्धालु और पर्यटक इन धार्मिक स्थलों तक पहुंच रहे हैं। उनके मुताबिक, आदि कैलाश जाने वाले यात्रियों की संख्या में भी काफी वृद्धि हुई है।
उन्होंने कहा कि उत्तराखंड के विकास और धार्मिक पर्यटन के विस्तार में केंद्र सरकार की योजनाओं की महत्वपूर्ण भूमिका है।
2027 में जीत की हैट्रिक का आह्वान
आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर महेंद्र भट्ट ने कार्यकर्ताओं और नए सदस्यों से अभी से जुटने का आह्वान किया।
उन्होंने कहा कि वर्ष 2027 में उत्तराखंड विधानसभा चुनाव होने हैं और भाजपा को लगातार तीसरी बार सत्ता में लाने के लिए सभी कार्यकर्ताओं को एकजुट होकर काम करना होगा।
भट्ट ने नए सदस्यों से कहा कि पार्टी और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के लिए भी कार्यकर्ताओं को अपना योगदान देना चाहिए। उन्होंने विश्वास जताया कि नए सदस्यों के जुड़ने से भाजपा का संगठन और अधिक मजबूत होगा।
‘सैनिक की तरह काम करेगा भाजपा का हर कार्यकर्ता’
प्रदेश महामंत्री कुंदन परिहार ने नए सदस्यों का स्वागत करते हुए भाजपा की रीति-नीति और वैचारिक पृष्ठभूमि की जानकारी दी।
उन्होंने कहा कि भाजपा का प्रत्येक कार्यकर्ता राष्ट्रवादी और सांस्कृतिक विचारधारा को लेकर समाज में एक सैनिक की तरह काम करता है। उन्होंने पूर्व सैनिकों से कहा कि जिस तरह का अनुशासन और राष्ट्रभक्ति उन्होंने वर्दी में महसूस की है, उसी भावना के साथ उन्हें पार्टी संगठन में भी काम करने का अवसर मिलेगा।
उन्होंने कहा कि पार्टी आने वाले समय में विभिन्न संगठनात्मक कार्यक्रमों में पूर्व सैनिकों के अनुभव और सेवाओं का लाभ लेगी।
कैप्टन राकेश ध्यानी ने कहा- 2027 में पूरी क्षमता से करेंगे काम
भाजपा में शामिल हुए सेवानिवृत्त कैप्टन राकेश ध्यानी ने नए सदस्यों की ओर से पार्टी नेतृत्व को भरोसा दिलाया कि वे भाजपा की नीतियों और संगठन के निर्देशों के अनुरूप पूरी क्षमता और समर्पण के साथ काम करेंगे।
उन्होंने कहा कि वर्ष 2027 के विधानसभा चुनाव में पूर्व सैनिक बढ़-चढ़कर भाग लेंगे और उत्तराखंड में भाजपा की प्रचंड बहुमत की सरकार बनाने में योगदान देंगे।
उन्होंने कहा कि उत्तराखंड सैनिक बहुल प्रदेश है और यहां बड़ी संख्या में परिवारों का सेना से जुड़ाव है। ऐसे में पूर्व सैनिकों का भाजपा से जुड़ना संगठन के लिए महत्वपूर्ण है।
बड़ी संख्या में महिलाएं भी हुईं शामिल
ज्वाइनिंग कार्यक्रम में पूर्व सैनिकों के साथ बड़ी संख्या में मातृशक्ति ने भी भाजपा की सदस्यता ग्रहण की। पार्टी की ओर से जारी सूची में विभिन्न क्षेत्रों से जुड़े पुरुष और महिला सदस्यों के नाम शामिल हैं।
इनमें कैप्टन पुष्कर, कर्नल राजीव रावत, कर्नल सतीश चंद्र शर्मा, कैप्टन हरीश चंद्र, सूबेदार सुभाष लखेड़ा, सूबेदार राकेश, डॉ. गंगा बिष्ट, डॉ. नितिन मिश्रा, शिवानंद उनियाल, राकेश मोहन रावत, इंजीनियर नरेंद्र भंडारी, एडवोकेट अमित तोमर, बलवंत सिंह पंवार, लक्ष्मण सिंह नेगी, एसआर नौटियाल, बीपी रतूड़ी, महावीर सिंह नेगी, संता प्रसाद, अनिल घनसाला, चंद्रकांत कोठारी, नंदकिशोर जोशी, आकाश रावत, सुनील जुयाल, अर्चित कुकरेती, सौरभ नेगी, सुमन गोसाईं, विमल पोखरियाल, लता डंडरियाल, साक्षी पोखरियाल, मीना बिष्ट, सुषमा पटवाल, आशा रावत, संगीता, सोनालिका कोठारी, विमल गोसाईं, सुलोचना देवी, बिना बिष्ट और सुधा बिष्ट सहित बड़ी संख्या में पूर्व सैनिक एवं महिलाएं शामिल रहीं।
2027 की सियासी जंग से पहले भाजपा का शक्ति प्रदर्शन
उत्तराखंड में विधानसभा चुनाव 2027 को लेकर राजनीतिक गतिविधियां तेज होने के बीच भाजपा का यह ज्वाइनिंग कार्यक्रम संगठन की चुनावी तैयारियों का संकेत माना जा रहा है। पूर्व सैनिकों और विभिन्न राजनीतिक पृष्ठभूमि से जुड़े नेताओं को पार्टी में शामिल कर भाजपा ने एक ओर अपने संगठनात्मक आधार को विस्तार देने की कोशिश की है, वहीं दूसरी ओर सैनिक बहुल उत्तराखंड में राष्ट्रवाद और सैन्य सम्मान को अपने चुनावी नैरेटिव का प्रमुख हिस्सा बनाए रखने का संदेश भी दिया है।
अब देखना होगा कि भाजपा में शामिल हुए ये नए चेहरे आगामी विधानसभा चुनाव में पार्टी के लिए किस तरह की भूमिका निभाते हैं और संगठन के चुनावी अभियान को कितना मजबूत करते हैं।
