कांग्रेस पूरे देश में संविधान बचाओ रैली का आयोजन कर रही है। इसी के अंतर्गत राजधानी देहरादून के रेंजर्स ग्राउंड में भी कांग्रेस ने आज संविधान बचाओ रैली का आयोजन किया।
कांग्रेस की संविधान बचाओं रैली के लिए कार्यकर्ता एकजुट हुए। सचिन पायलट समेत पार्टी के दिग्गज नेता कार्यकर्ताओं में जोश भरने पहुंचे …
कांग्रेस पूरे देश में संविधान बचाओ रैली का आयोजन कर रही है। इसी के अंतर्गत राजधानी
रैली का आयोजन किया। इस रैली में कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं के साथ-साथ हजारों की संख्या में प्रदेश भर से कांग्रेस के नेताओं और कार्यकर्ताओं ने भाग लिया। इस रैली में कांग्रेस नेता सचिन पायलट भी पहुंचे थे । अपने संबोधन में सचिन पायलट ने कांग्रेस कार्यकर्ताओं को आहवान करते हुए कहा कि आज देश में एक बार फिर से कांग्रेस को लोगों के बीच जाकर के अलख जगाने की जरूरत है उन्होंने कहा कि संविधान ने सभी को सामान्य रूप से जीने का अधिकार दे रखा है लेकिन सरकार संविधान के नियमों का उल्लंघन कर रही है।
जिसमें राष्ट्रीय और स्थानीय मुद्दों को लेकर कांग्रेस सरकार ने सरकार को घेरने का काम किया. कांग्रेस ने सत्ताधारी पार्टी पर संवैधानिक संस्थाओं का दुरुपयोग करने का आरोप लगाया. बता दें राहुल गांधी और सोनिया गांधी को ईडी के समन भेजे जाने के बाद से कांग्रेस में आक्रोश है. रैली के दौरान कांग्रेस ने महंगाई, महिला अपराध, पेपर लीक, भर्ती घोटाला और बेरोजगारी जैसे तमाम मुद्दे उठाए.
वहीं पूर्व प्रदेश अध्यक्ष और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता प्रीतम सिंह ने कहा कि आज सरकार संविधान के विरुद्ध कार्य कर रही है।बता दें रैली में कांग्रेस के तमाम नेता मौजूद रहे..
. लेकिन उत्तराखंड कांग्रेस की जिम्मेदारी संभालने वाली प्रभारी शैलजा इस रैली से भी नदराद रही. कांग्रेस की संविधान बचाओ रैली में कुमारी शैलजा को भी शामिल होना था लेकिन वो रैली में नजर नहीं आई. आपको ये जानकर हैरानी होगी कि जबसे उन्हें प्रदेश प्रभारी बनाया गया है तबसे वो 2 या 3 दिन बार बार ही उत्तराखंड आई हैं.
वहीं भाजपा के प्रवक्ता सुनीता विद्यार्थी ने कांग्रेस के संविधान रैली पर कहा कि लोकतंत्र में रैली और विरोध करने का सबको अधिकार है लेकिन कांग्रेस ने जो आज तिथि चुनी है वह तिथि सही नहीं है क्योंकि उत्तराखंड में चार धाम की शुरुआत हो रही है और कांग्रेस रैली कर रही है।

