बेटियां पढ़ें, आगे बढ़ें: देहरादून में ड्रॉपआउट बालिकाओं को फिर मिलेगी शिक्षा की राह
देहरादून। जिला प्रशासन ने बालिका शिक्षा को बढ़ावा देने और स्कूल छोड़ चुकी छात्राओं को दोबारा शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़ने के लिए बड़ी पहल की है। जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान ने ‘नंदा-सुनंदा प्रोजेक्ट’ की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को जनपद की ड्रॉपआउट बालिकाओं का व्यापक सर्वे कराने और उन्हें पुनः विद्यालयों से जोड़ने के निर्देश दिए हैं।

डीएम ने कहा कि किसी भी बालिका की पढ़ाई आर्थिक, सामाजिक या पारिवारिक कारणों से बाधित नहीं होनी चाहिए। प्रशासन का लक्ष्य केवल स्कूल में दोबारा प्रवेश दिलाना नहीं, बल्कि प्रत्येक बालिका को कम से कम स्नातक स्तर तक शिक्षा सुनिश्चित करना है।
उन्होंने अधिकारियों को जरूरतमंद छात्राओं को छात्रवृत्ति, सरकारी योजनाओं और अन्य सहायता उपलब्ध कराने के निर्देश भी दिए। अभियान के लिए मुख्य शिक्षा अधिकारी को नोडल अधिकारी बनाया गया है।
डीएम डॉ. आशीष चौहान ने कहा कि बालिका शिक्षा एक सशक्त और आत्मनिर्भर समाज की आधारशिला है और जिला प्रशासन प्रत्येक बेटी को बेहतर भविष्य देने के लिए प्रतिबद्ध है।
