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भारतीय मानक ब्यूरो (BIS) द्वारा आईआईटी रुड़की में BIS–StartUps Meet का सफल आयोजन किया गया

बीआईएस – स्टार्टअप्स मीट का आयोजन आईआईटी रुड़की में
दिनांक: 08 अगस्त 2025 | स्थान: WRD&M, आईआईटी रुड़की

भारतीय मानक ब्यूरो (BIS) द्वारा आईआईटी रुड़की में BIS–StartUps Meet का सफल आयोजन किया गया, जिसका उद्देश्य स्टार्टअप इकोसिस्टम और बीआईएस के बीच सहयोग को मजबूत करना और नवाचार एवं मानकीकरण को बढ़ावा देना था।

कार्यक्रम का शुभारंभ बीआईएस की गतिविधियों पर आधारित एक वीडियो प्रस्तुति से हुआ। इसके बाद मुख्य अतिथि श्री चंदन बहल, उपमहानिदेशक (IR), बीआईएस, विशिष्ट अतिथि श्री दीपक कुमार अग्रवाल, प्रमुख SCMD BIS, श्री सौरभ तिवारी, प्रमुख BIS देहरादून प्रो. दीपक खरे, बीआईएस चेयर प्रोफेसर, एवं श्री अज़म अली खान, सीईओ, TIDES, आईआईटी रुड़की द्वारा दीप प्रज्वलन किया गया।

प्रो. दीपक खरे ने स्वागत भाषण में आईआईटी रुड़की की ऐतिहासिक भूमिका और स्टार्टअप संवर्धन में योगदान पर प्रकाश डाला।

श्री दीपक कुमार अग्रवाल, प्रमुख (SCMD), बीआईएस ने कार्यक्रम के उद्देश्यों पर प्रकाश डालते हुए बीआईएस और नवाचार आधारित उद्यमों के बीच सहयोग के अवसरों को रेखांकित किया, जिससे गुणवत्ता ढाँचे को सुदृढ़ कर उद्योग की तैयारी को बढ़ावा दिया जा सके।

श्री सौरभ तिवारी ने उत्तराखंड के औद्योगिक परिदृश्य और सरकारी नीतियों के बारे में जानकारी दी तथा मानकों के प्रयोग से स्टार्टअप्स को विस्तार में मिलने वाले लाभों पर बल दिया।

मुख्य संबोधन में श्री चंदन बहल ने आईआईटी रुड़की के सहयोग के लिए धन्यवाद देते हुए मानकीकरण को स्टार्टअप्स की वृद्धि का प्रमुख आधार बताया। उन्होंने यह भी बताया कि भारत सितंबर 2025 में IEC जनरल मीटिंग की मेजबानी करेगा, जिसमें देशभर के स्टार्टअप्स अपने उत्पाद 2000 से अधिक अंतरराष्ट्रीय प्रतिनिधियों के सामने प्रदर्शित कर सकेंगे।

तकनीकी सत्रों में बीआईएस की संरचना, सेवाओं, डिजिटल प्लेटफॉर्म और स्टार्टअप्स के लिए सहयोग के अवसरों पर प्रस्तुतियाँ दी गईं। इंटरैक्टिव सत्र में स्टार्टअप्स ने अपने अनुभव साझा किए और बीआईएस के साथ साझेदारी की संभावनाओं पर चर्चा की।

कार्यक्रम के दूसरे सत्र में श्री अशुतोष शर्मा, पूर्व सचिव, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग की गरिमामयी उपस्थिति रही। उन्होंने अपने संबोधन में स्टार्टअप्स हेतु प्रौद्योगिकी एवं शोध कार्य के विस्तार के लिए उपलब्ध विभिन्न वित्तीय सहायता योजनाओं एवं निधियों का विस्तार से उल्लेख किया।

आईआईटी रुड़की, ग्राफिक एरा डीम्ड यूनिवर्सिटी, डॉल्फिन इंस्टीट्यूट, यूपीईएस और स्टार्टअप उत्तराखंड सहित 100 से अधिक प्रतिभागियों की उपस्थिति ने कार्यक्रम को उत्साहपूर्ण बनाया।

यह आयोजन नवाचार और मानकीकरण के बीच मजबूत सेतु स्थापित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित हुआ, जिसने भविष्य में सहयोगात्मक पहलों की नींव रखी।

 

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