Uttrakhand

अखिल भारतीय क्षत्रिय महासभा अधिवेशन में Adv. रेणु डी. सिंह सिसोदिया सम्मानित, समाजसेवा की विरासत को मिला गौरव

राजा मानवेंद्र सिंह ने किया सम्मान, डॉ. सुनीता चंदेल विद्यार्थी को सौंपी महिला विंग की कमान

देहरादून/नई दिल्ली। भारत केसरी
अखिल भारतीय क्षत्रिय महासभा के भव्य अधिवेशन में वरिष्ठ अधिवक्ता एवं समाजसेवी Adv. रेणु डी. सिंह को उनके उत्कृष्ट सामाजिक और कानूनी योगदान के लिए सम्मानित किया गया। यह सम्मान महासभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष राजा मानवेंद्र सिंह द्वारा प्रदान किया गया, जो उनके वर्षों के समर्पण और सेवा कार्यों की सराहना का प्रतीक है।

मेवाड़ के सिसोदिया वंश (राणा राजवंश) से संबंध रखने वाली Adv. रेणु डी. सिंह सिसोदिया ने न केवल अपनी राजपूती विरासत को गौरवान्वित किया है, बल्कि समाज के कमजोर वर्गों के उत्थान में भी अहम भूमिका निभाई है। पिछले 35 वर्षों में उन्होंने हजारों महिलाओं को हिंसा और शोषण से उबारकर उन्हें नई जिंदगी दी है।

अपने एनजीओ ‘समाधान’ के माध्यम से उन्होंने 30 वर्षों से अधिक समय तक पीड़ित महिलाओं के पुनर्वास और सशक्तिकरण का कार्य किया है। उनकी पहल पर 1700 से अधिक महिलाएं आज अधिवक्ता बनकर न्याय की लड़ाई लड़ रही हैं, जो उनके प्रयासों की सबसे बड़ी सफलता मानी जा रही है।

Adv. रेणु डी. सिंह सिसोदिया द्वारा देहरादून में संचालित 24×7 ‘महिला लीगल हेल्पलाइन’ भी जरूरतमंद महिलाओं के लिए एक मजबूत सहारा बनी हुई है, जहां उन्हें मुफ्त कानूनी सलाह और सहायता उपलब्ध कराई जाती है।

इस अवसर पर उन्होंने अपनी सामाजिक विरासत को आगे बढ़ाते हुए डॉ. सुनीता चंदेल विद्यार्थी को अखिल भारतीय क्षत्रिय महासभा की महिला विंग का प्रदेश अध्यक्ष नियुक्त किया। डॉ. सुनीता को एक सक्रिय समाजसेवी और राजनीतिक चिंतक के रूप में जाना जाता है, जो समाज के हर वर्ग के उत्थान के लिए समर्पित हैं।

कार्यक्रम में उनके बड़े भाई कर्नल वेणु डी सिंह सिसोदिया को भी उनके योगदान के लिए सम्मानित किया गया।

यह अधिवेशन न केवल सम्मान समारोह रहा, बल्कि समाजसेवा, नेतृत्व और महिला सशक्तिकरण के नए आयाम स्थापित करने का भी सशक्त मंच बना।