चकराता वन प्रभाग में भड़की आग, 50 कर्मियों ने मोर्चा संभाल बचाए सैकड़ों हेक्टेयर जंगल
चकराता वन प्रभाग में भड़की आग, 50 कर्मियों ने मोर्चा संभाल बचाए सैकड़ों हेक्टेयर जंगल
देहरादून/चकराता: भारत केसरी
चकराता वन प्रभाग की देवघर रेंज में मंगलवार को जंगलों में आग लगने की तीन घटनाओं से हड़कंप मच गया। आग पहले सिविल क्षेत्र जरसू पानी में लगी और बाद में आरक्षित वन क्षेत्र संग्रेड-2, मझोग-5 और मझोग-6ए तक फैल गई। हालांकि वन विभाग की त्वरित कार्रवाई से बड़े नुकसान को टाल लिया गया।

वन विभाग के अनुसार दो स्थानों पर आग पर समय रहते काबू पा लिया गया, जबकि मझोग क्षेत्र में तेज हवाओं के कारण आग बुझाने में काफी मशक्कत करनी पड़ी। विभागीय टीमें लगातार मौके पर डटी रहीं और घंटों की कड़ी मेहनत के बाद स्थिति को नियंत्रण में लाया गया।
आग की इस घटना में जरसू पानी के करीब 2 हेक्टेयर सिविल क्षेत्र को नुकसान पहुंचा। वहीं संग्रेड-2 में 173.4 हेक्टेयर वन क्षेत्र को सुरक्षित बचाया गया, जबकि लगभग 1 हेक्टेयर क्षेत्र प्रभावित हुआ। मझोग-5 में 107.3 हेक्टेयर जंगल को बचाया गया, हालांकि 2.5 हेक्टेयर क्षेत्र आग की चपेट में आ गया। इसके अलावा मझोग-6ए में 147.3 हेक्टेयर वन क्षेत्र को सुरक्षित बचाते हुए करीब 2 हेक्टेयर क्षेत्र प्रभावित होने की जानकारी सामने आई है।
वनाग्नि नियंत्रण अभियान में देवघर और मोल्टआ रेंज के करीब 50 फील्ड कर्मी लगातार जुटे रहे। इस दौरान अग्निशमन विभाग ने भी अहम सहयोग दिया।
वन विभाग ने मामले को गंभीरता से लेते हुए मझोग-5 और संग्रेड-2 क्षेत्र में अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है। आग लगने के कारणों की जांच की जा रही है और पुलिस की मदद से संदिग्धों की पहचान के प्रयास जारी हैं।
वन विभाग का कहना है कि फिलहाल स्थिति नियंत्रण में है, लेकिन एहतियात के तौर पर प्रभावित क्षेत्रों में लगातार निगरानी और मॉनिटरिंग की जा रही है।

