DEHRADUNDM DEHRADUN

शिक्षा ही सशक्तिकरण का सबसे बड़ा हथियार—डीएम

देहरादून, 31 जनवरी 2026
पिता के निधन अथवा गंभीर बीमारी के कारण जिन बेटियों की शिक्षा पर संकट आ गया था, उनके लिए जिला प्रशासन ने अभिभावक की भूमिका निभाते हुए शिक्षा को नई उड़ान दी है। जिला प्रशासन की जनसंवेदी पहल प्रोजेक्ट ‘नंदा–सुनंदा’ के 12वें संस्करण में आज जिलाधिकारी सविन बंसल ने 26 असहाय एवं जरूरतमंद बालिकाओं की शिक्षा पुनर्जीवित करते हुए उनकी स्कूल-कॉलेज फीस के चेक वितरित किए।

इस अवसर पर कुल 6.93 लाख रुपये की फीस राशि सीधे स्कूल/कॉलेज के खातों में हस्तांतरित की गई। लाभान्वित बालिकाओं में 10 प्राथमिक, 8 माध्यमिक एवं 8 उच्च शिक्षा स्तर की छात्राएं शामिल हैं। अब तक जिला प्रशासन इस परियोजना के अंतर्गत लगभग 1 करोड़ रुपये की सहायता से 120 बालिकाओं की शिक्षा पुनर्जीवित कर चुका है।

जिन बालिकाओं की शिक्षा पुनर्जीवित की गई, उनमें जिया (बीफार्मा), अनुष्का प्रजापति (एमए प्रथम वर्ष), हिमिका, आदिका, कनक, वैश्नवी, फलक, प्रभुगन कौर, किरत कौर, इशिका, मदीहा, दिया बडोनी सहित अनेक बालिकाएं शामिल हैं, जिनकी शिक्षा पिता की मृत्यु अथवा पारिवारिक आर्थिक तंगी के कारण बाधित हो गई थी। इसके अतिरिक्त कैंसर पीड़ित पिता अथवा गंभीर आर्थिक संकट से जूझ रही सृष्टि, पलक घेयल, मानसी साहू, अवनतिका राय, प्राची सिंह, मायरा, खुशी कौर एवं शायना सिंघानिया की शिक्षा भी नंदा–सुनंदा परियोजना से पुनर्जीवित की गई।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए जिलाधिकारी सविन बंसल ने कहा कि शिक्षा ही वह सबसे सशक्त टूल है, जिससे सशक्तिकरण और सफलता के रास्ते निकलते हैं। उन्होंने बालिकाओं का हौसला बढ़ाते हुए कहा कि सरकार एवं जिला प्रशासन सदैव उनके साथ खड़ा है। उन्होंने यह भी कहा कि इस परियोजना को राज्य नीति में शामिल करने का प्रयास किया जाएगा, ताकि प्रदेशभर की जरूरतमंद बालिकाओं को इसका लाभ मिल सके।

बालिकाओं ने मुख्यमंत्री उत्तराखण्ड सरकार एवं जिला प्रशासन का आभार व्यक्त करते हुए मेहनत और सफलता के माध्यम से समाज सेवा का संकल्प लिया।
इस अवसर पर निदेशक जनगणना ईवा आशीष श्रीवास्तव, मुख्य विकास अधिकारी अभिनव शाह एवं जिला कार्यक्रम अधिकारी बाल विकास जितेन्द्र कुमार ने भी बालिकाओं का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि जिला प्रशासन असहाय बालिकाओं की शिक्षा के लिए निरंतर प्रतिबद्ध है और उनकी प्रगति का नियमित फॉलोअप लिया जाता है।

कार्यक्रम में संबंधित अधिकारी, बालिकाओं की माताएं एवं परिजन उपस्थित रहे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *