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WorldSkills 2026 में उत्तराखंड का डंका, सानिया और पार्थ ने भारत को दिलाया सिल्वर

देहरादून, 28 सितंबर 2026। चीन के शंघाई में आयोजित 48वीं WorldSkills Competition 2026 में उत्तराखंड के दो युवाओं ने वैश्विक मंच पर अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया है। सानिया जोशी और पार्थ वोहरा ने अपने-अपने कौशल क्षेत्र में शानदार प्रदर्शन करते हुए भारत के लिए रजत पदक जीते हैं।

 

22 से 27 सितंबर तक आयोजित प्रतियोगिता में भारत ने कुल 6 रजत पदक और 20 Medallions for Excellence हासिल किए। भारत ने प्रतियोगिता में 10वां वैश्विक स्थान प्राप्त किया, जिसे वर्ल्डस्किल्स में देश का अब तक का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन बताया गया है।

दो युवा, दो कौशल और भारत के खाते में दो सिल्वर

उत्तराखंड की सानिया जोशी ने Retail Sales कौशल में प्रतिस्पर्धा करते हुए रजत पदक अपने नाम किया। वहीं पार्थ वोहरा ने Industrial Design Technology में उत्कृष्ट प्रदर्शन कर भारत को दूसरा रजत पदक दिलाया।

दोनों युवाओं की यह उपलब्धि उत्तराखंड के लिए इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि उन्होंने विश्व के विभिन्न देशों से आए प्रतिभागियों के बीच प्रतिस्पर्धा करते हुए अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी दक्षता साबित की।

64 कौशल विधाओं में करीब 1,400 प्रतिभागियों ने लिया हिस्सा

WorldSkills Competition को दुनिया के प्रमुख अंतरराष्ट्रीय कौशल मंचों में गिना जाता है। यहां विभिन्न देशों के युवा तकनीकी दक्षता, नवाचार, रचनात्मकता और व्यावसायिक कौशल का प्रदर्शन करते हैं।

वर्ष 2026 की प्रतियोगिता में करीब 1,400 प्रतिभागियों ने 64 अलग-अलग कौशल विधाओं में हिस्सा लिया। ऐसे वैश्विक मंच पर उत्तराखंड के दो युवाओं का रजत पदक जीतना राज्य के कौशल विकास कार्यक्रमों के लिए भी महत्वपूर्ण उपलब्धि के तौर पर देखा जा रहा है।

IndiaSkills से WorldSkills तक पहुंची प्रतिभा

सानिया जोशी और पार्थ वोहरा की अंतरराष्ट्रीय सफलता के पीछे IndiaSkills 2025-26 की राज्य स्तरीय प्रतियोगिता और चयन प्रक्रिया महत्वपूर्ण कड़ी रही।

कौशल विकास एवं सेवायोजन विभाग तथा उत्तराखंड कौशल विकास समिति (UKSDS) की ओर से प्रदेश के युवाओं को विभिन्न कौशल विधाओं में अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने के अवसर उपलब्ध कराए गए। राज्य, क्षेत्रीय और राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं के जरिए उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले प्रतिभागियों को आगे बढ़ने का अवसर मिला।

इसी चयन प्रक्रिया के माध्यम से सानिया और पार्थ ने राष्ट्रीय स्तर पर अपनी जगह बनाई और अंततः WorldSkills के अंतरराष्ट्रीय मंच तक पहुंचे।

कौशल के वैश्विक मंच पर उत्तराखंड की मजबूत मौजूदगी

सानिया जोशी और पार्थ वोहरा की उपलब्धि ने उत्तराखंड के युवाओं की तकनीकी और व्यावसायिक दक्षता को अंतरराष्ट्रीय मंच पर पहचान दिलाई है। दोनों की सफलता को प्रदेश में कौशल उत्कृष्टता को बढ़ावा देने और युवाओं को राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय अवसरों से जोड़ने की दिशा में किए जा रहे प्रयासों की महत्वपूर्ण उपलब्धि के रूप में देखा जा रहा है।