Uttrakhand

चुनाव प्रक्रिया पर काज़ी निज़ामुद्दीन का हमला, बोले : मतदाता के अधिकार से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं करेगी कांग्रेस

देहरादून। कांग्रेस विधायक काज़ी निज़ामुद्दीन ने बुधवार को देहरादून स्थित कांग्रेस प्रदेश मुख्यालय में पत्रकार वार्ता कर आगामी चुनाव प्रक्रियाओं, मतदाता सूचियों के पुनरीक्षण और चुनाव प्रबंधन को लेकर गंभीर सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि अलग-अलग चुनावों में प्रशासनिक तंत्र और चुनाव प्रक्रिया के इस्तेमाल को लेकर सवाल खड़े हो रहे हैं और मतदाताओं के अधिकारों की सुरक्षा सुनिश्चित किया जाना जरूरी है।

 

काज़ी निज़ामुद्दीन ने कहा कि स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव लोकतंत्र में जनता के विश्वास की बुनियाद हैं। उनके मुताबिक मतदाता सूची के पुनरीक्षण में सामने आ रही कथित विसंगतियों को गंभीरता से देखने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस किसी भी मतदाता के अधिकार के उल्लंघन को स्वीकार नहीं करेगी।

ग्राम प्रधान चुनाव में आठ बार रिकाउंटिंग का दावा

पत्रकार वार्ता में निज़ामुद्दीन ने हरिद्वार जिले के नारसन ब्लॉक के ग्राम नाथून खेड़ी के ग्राम प्रधान चुनाव का उदाहरण देते हुए दावा किया कि सुशील कुमार चुनाव में 22 वोट से विजयी हुए थे, लेकिन बाद में आठ बार मतगणना कराई गई और आठवीं रिकाउंटिंग में उन्हें एक वोट से हारा हुआ घोषित कर दिया गया।

उन्होंने सवाल उठाया कि यदि इस मामले में नियमों के तहत प्रक्रिया अपनाई गई थी तो लगातार रिकाउंटिंग की आवश्यकता क्यों पड़ी। उन्होंने इसे मतदाताओं के अधिकार और चुनावी प्रक्रिया से जुड़ा गंभीर सवाल बताया।

 

मंगलौर निकाय चुनाव का भी किया जिक्र

कांग्रेस विधायक ने मंगलौर नगर पालिका के पूर्व चुनावों का उदाहरण देते हुए चौधरी इस्लाम से जुड़े मामले का उल्लेख किया। उन्होंने दावा किया कि इस्लाम पहले निर्विरोध सभासद चुने गए और बाद में नगर पालिका अध्यक्ष का चुनाव भी जीता, लेकिन बाद में नामांकन के दौरान नजूल भूमि पर कब्जे की शिकायत के आधार पर उनका नामांकन रद्द कर दिया गया।

निज़ामुद्दीन ने आरोप लगाया कि इस मामले में जांच और सुनवाई का पर्याप्त अवसर नहीं दिया गया। उन्होंने चुनावी नामांकन प्रक्रिया में पारदर्शिता और उम्मीदवारों को उचित प्रक्रिया का अवसर दिए जाने की मांग उठाई।

सहकारिता चुनाव और परिसीमन पर सवाल

उन्होंने सहकारिता चुनावों का जिक्र करते हुए आरोप लगाया कि परिसीमन को पहले अधिसूचित किया गया और बाद में उसमें बदलाव कर नई व्यवस्था के आधार पर चुनाव कराया गया। उनके मुताबिक पूरी प्रक्रिया करीब 15 दिनों के भीतर बदली गई।

निज़ामुद्दीन ने कहा कि ग्राम पंचायत से लेकर निकाय और सहकारिता चुनाव तक अलग-अलग स्तरों पर चुनाव प्रक्रिया को लेकर सवाल उठ रहे हैं और इन मामलों में पारदर्शिता जरूरी है।

DAV छात्रसंघ चुनाव और विनीत भट्ट की गिरफ्तारी पर भी उठाए सवाल

कांग्रेस विधायक ने देहरादून के DAV PG College छात्रसंघ चुनाव के दौरान कांग्रेस नेता एवं पूर्व NSUI पदाधिकारी विनीत प्रसाद भट्ट की गिरफ्तारी का मुद्दा भी उठाया।

उन्होंने कहा कि कांग्रेस किसी व्यक्ति के खिलाफ दर्ज मुकदमे का समर्थन नहीं कर रही है, लेकिन सवाल यह है कि यदि कार्रवाई कानूनी प्रक्रिया का हिस्सा थी तो छात्रसंघ चुनाव के दौरान ही गिरफ्तारी क्यों हुई।

उपलब्ध रिपोर्टों के अनुसार विनीत प्रसाद भट्ट के खिलाफ गैर-जमानती वारंट से जुड़ी कार्रवाई की गई थी और पुलिस ने उन्हें DAV परिसर से हिरासत में लिया था। कांग्रेस ने इस कार्रवाई को चुनावी माहौल प्रभावित करने से जोड़कर सवाल उठाए, जबकि पुलिस कार्रवाई को वारंट के आधार पर बताया गया।

DAV चुनाव के नतीजों में ABVP के नवदीप राणा ने अध्यक्ष पद पर जीत दर्ज की। मतगणना के दौरान मतपत्रों की वैधता को लेकर विवाद और हंगामे की रिपोर्ट भी सामने आई।

SIR की अंतिम मतदाता सूची को लेकर चिंता

SIR प्रक्रिया पर सवाल उठाते हुए निज़ामुद्दीन ने मतदाता सूची में नाम जोड़ने और हटाने की प्रक्रिया को लेकर भी चिंता जताई। उन्होंने मीडिया रिपोर्टों का हवाला देते हुए कहा कि मतदाता अधिकारों की सुरक्षा और पारदर्शिता को लेकर कांग्रेस को आशंका है।

हालांकि, उत्तराखंड के मुख्य निर्वाचन अधिकारी की ओर से जारी जानकारी के मुताबिक SIR के तहत राज्य में अंतिम मतदाता सूची के प्रकाशन की संशोधित तारीख 3 अक्टूबर 2026 निर्धारित की गई है। इससे पहले दावे और आपत्तियां दर्ज करने तथा उनके निस्तारण की प्रक्रिया पूरी की जा रही थी।

‘मतदाता सर्वोपरि, उसके अधिकार में दखल नहीं होना चाहिए’

काज़ी निज़ामुद्दीन ने कहा कि मतदाता को अपनी पसंद के उम्मीदवार को वोट देने और उसे जिताने का पूरा अधिकार है। उन्होंने सवाल उठाया कि क्या चुनाव आयोग या प्रशासनिक तंत्र को इस लोकतांत्रिक अधिकार की प्रक्रिया में किसी तरह का हस्तक्षेप करना चाहिए।

उन्होंने कहा कि कांग्रेस प्रत्येक व्यक्ति के मताधिकार की सुरक्षा के लिए आवाज उठाएगी और किसी भी मतदाता के अधिकार के उल्लंघन का विरोध करेगी।

भाजपा से अपील करते हुए निज़ामुद्दीन ने कहा कि युवाओं को लोकतांत्रिक मूल्यों और निष्पक्ष चुनाव की प्रक्रिया के प्रति भरोसा दिलाया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि युवा देश का भविष्य हैं और उनके बीच लोकतांत्रिक संस्थाओं के प्रति विश्वास मजबूत होना चाहिए।

पत्रकार वार्ता में प्रदेश वरिष्ठ उपाध्यक्ष सूर्यकांत धस्माना, प्रदेश महामंत्री राजेंद्र शाह, प्रवक्ता डॉ. प्रतिमा सिंह, माइनॉरिटी विभाग के चेयरमैन सुलेमान अंसारी, सोशल मीडिया चेयरमैन अभिनव थापर, पूर्व पालिका अध्यक्ष इस्लाम अंसारी सहित अन्य कांग्रेस नेता मौजूद रहे।